मिलेंगे या नही

उम्र की इस दौड मे कितने सारे दोस्त छूट गए कही, चलो थोडे और ही सही। कई दोस्त बिछड गए हैं कही राहों मे चलते चलते शायद… Read more “मिलेंगे या नही”

उमीद

ये दिन गुज़र जायेगा शाम भी ढल जायेगी रात अंधेरी कट जायेगी नई सुबह फिर आयेगी साथ अपने हमारे लिये एक नई उमीद लायेगी